Best Sad Shayari: दिल के टुकड़े बिखर गए, आंसुओं की नदी बह चली… उदासी की गहराइयों में डूबे इस सर्वश्रेष्ठ शायरी संग्रह में गम, जुदाई और यादों का बोझ सहन करने वाली भावुक पंक्तियाँ। दिल को सुकून देने वाली उदास शायरी पढ़ें और भावनाओं को व्यक्त करें। #उदासशायरी #शायरीसंग्रह

दिल के टुकड़े हजार हुए, हर टुकड़े पे नाम तेरा।
खुदा भी न पूछे जब, ये दर्द कैसा है यारा।
यादों का सैलाब आया, आँखें भर आईं नदी।
तेरे बिना जीना सीखा, पर खुशी न आई कभी।
दिल की धड़कन रुक सी गई, तेरी यादों में खोकर।
हर सांस में बस तू ही तू, बाकी सब धोखा होकर।
अधूरी कहानी सी लगे, ये जिंदगी बिन तेरे।
हर पल बस इंतजार में, तू कब आए बता दे यारे।
चाँद भी उदास हो गया, तेरी याद में रोया।
रातें काली हो गईं, तू चला गया तो सही।

दर्द का समंदर पार करना, बिन तेरे मुश्किल है।
हर लहर में बस तेरी ही तस्वीर नजर आती है।
खामोशी में छुपा है, वो दर्द जो न बयाँ हो।
तेरे जाने का गम है, जो दिल में बस गया हो।
आँसू बनकर बह गए, वो सपने जो देखे थे।
तेरे साथ जीने के, अब बस यादें रह गईं।
दिल की किताब बंद हो गई, तेरी आखिरी दास्ताँ।
हर पन्ना पर बस दर्द, न कोई खुशी की बस्ती।
रातें काटी हैं जागकर, तेरी यादों में डूबकर।
सुबह हो या शाम हो, बस उदासी ही सताती।

Best Sad Shayari in Hindi: दिल के टुकड़े बिखर गए, आंसुओं की नदी बह चली, यादों का बोझ सह न पाया – सर्वश्रेष्ठ उदास शायरी संग्रह
भूल जाना तुझे मुश्किल, याद रखना और भी।
दिल कहता है तू ही तो, मेरी जिंदगी की रौनक थी।
टूटे हुए सपनों पे, आँसू बहते रहते हैं।
तेरे बिना ये दिल, बस मरने को तरसता है।
हर धड़कन में तेरा नाम, हर सांस में तेरा गम।
जीना हो गया अभागा, तू न मिले कभी हम।
वक्त गुजर गया बेरहम, तेरी यादें न मिटाईं।
दिल अब भी रोता है, तू क्यूँ भूल गया यार।
अकेलेपन की रातें, लंबी हो गईं बहुत।
तेरी बातें याद आतीं, नींद न आने देतीं।

दर्द छुपाकर हँसते हैं, सामने सबके।
अंदर ही अंदर जलते, तेरे गम में हम।
यादें बन गईं काँटे, हर कदम पे चुभते।
तेरे बिना ये सफर, बस दर्द ही देता है।
खुद से ही लड़ते हैं, तेरी यादों से जूझकर।
जीत न पाएँगे कभी, ये गम तो हमारा है।
बारिश की बूंदें गिरें, आँखों से आँसू बहें।
तेरी याद में भीगें, ये दिल उदास सा।
सपनों में आता है तू, फिर चला जाता है।
जागते ही वो दर्द, फिर से सताने लगता।

दिल की दीवारें गिर गईं, तेरे प्यार में।
अब बस खंडहर बाकी, कोई बसाव न आया।
हर खुशी अधूरी सी, तेरे बिना लगे।
दुनिया हँसे या रोए, बस तू ही याद आए।
गम की किताब लिखी, तेरे नाम से।
हर शब्द में बस दर्द, कोई खुशी न छुपी।
अब तो आदत हो गई, इस उदासी को जीने की।
तेरे जाने के बाद, बस यही तो बाकी।
तेरी यादों का बोझ ढोता, ये दिल थक गया यार।
हर कदम पर गिर पड़ता, फिर भी न रुकता सफर।









